ये हैं वो एनकाउंटर स्पेशलिस्ट, जिनके नाम से थर थर कांपते हैं क्रिमिनल, असद से पहले कर चुके हैं कई एनकाउंटर, गोली खाई लेकिन डरे नहीं-रूके नहीं

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। उमेश पाल हत्याकांड मामले में फरार चल रहे अतीक अहमद के बेटे असद अहमद को गुरूवार को एनकाउंटर में मार गिराया गया। इसके अलावा हत्याकांड में शामिल शूटर गुलाम भी आज यूपी पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) के हाथों चढ़ गया। बता दें कि, इन दोनों गुनहगार को एसटीएफ की टीम ने ढेर किया। इस टीम को एसटीएफ के डीएसपी नवेंदु कुमार सिंह और डीएसपी विमल कुमार लीड कर रहे थे।
जानें कौन हैं डीएसपी नवेंदु सिंह?
साल 2018 में नवेंदु कुमार सिंह स्पेशल टास्क फ़ोर्स में शामिल हुए थे और मौजूदा वक्त में वह STF में DSP के पद पर तैनात हैं। कुछ साल पहले की बात है जब नवेंदु सिंह को एक डकैत के साथ मुठभेड़ में हाथ और गर्दन में गोली लग गई थी। इसके अलावा कुछ साल पहले उन्होंने दो ईनामी बदमाशों को मार गिराया था। इसके लिए उन्हें 2008 में राष्ट्रपति वीरता पदक और 2014 में राष्ट्रीय पराक्रम पदक से नवाजा जा चुका है। साथ ही पिछले साल यानी 2022 में भी नवेंदु सिंह को उनकी वीरता के लिए स्वतंत्रता दिवस के मौके पर राष्ट्रपति पुलिस पदक से सम्मानित किया गया। इसके बाद जब नवेंदु सिंह राष्ट्रपति पुरस्कार मिलने के बाद लखनऊ के म्योराबाद अपने मोहल्ला वापस लौटे तो उनको यहां पर बच्चों ने सैल्यूट देकर सम्मानित किया। साथ लोगों ने उन्हें तिरंगा देकर उनका स्वागत और अभिवादन किया।
उमेश पाल हत्याकांड का मास्टरमाइंड
गौरतलब है कि, बसपा विधायक राजू पाल की हत्या के मामले के मुख्य गवाह उमेश पाल और उसके दो सुरक्षा गार्ड की इस साल 24 फरवरी को प्रयागराज के धूमनगंज इलाके में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस हत्याकांड को अतीक अहमद के बेटा असद अहमद लीड कर रहा था। पुलिस असद के लिए पिछले डेढ़ महीने से तलाश अभियान जारी किया हुआ था, लेकिन हर बार असद पुलिस को चकमा देता रहा। लेकिन आखिरकार आज पुलिस को उसके झांसी में होने की भनक लगी और STF की टीम ने उसका एनकाउंटर कर दिया। मारे गए असद और गुलाम के पास से पुलिस ने विदेशी अत्याधुनिक हथियार जब्त किए।
एनकाउंटर में शामिल थे ये जांबाज
Created On :   13 April 2023 2:09 PM IST