पाकिस्तान: बलूचिस्तान सरकार ने प्रांत के कई प्रमुख हाइवों पर रात में यात्रा करने पर लगाई पाबंदी

बलूचिस्तान सरकार ने प्रांत के कई प्रमुख हाइवों पर रात में यात्रा करने पर लगाई पाबंदी
  • रात्रि यात्रा पर बलूचिस्तान सरकार ने लगाया प्रतिबंध
  • बलूच में बिगड़ती कानून व्यवस्था के चलते लिया फैसला
  • कुछ हफ्तों में वाहनों पर कई आतंकवादी हमले हुए

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। पाकिस्तान के बलूचिस्तान में प्रांतीय सरकार ने रात में यात्रा करने पर पाबंदी लगा दी है। बलूचिस्तान सरकार की ओर से ये प्रतिबंध प्रांत के कई प्रमुख हाइवे पर लगाए गए है। यात्रा को लेकर लगाए गए प्रतिबंध के पीछे की वजह बिगड़ती कानून व्यवस्था है। अशांत प्रांत बलूचिस्तान में हाल ही के कुछ हफ्तों में वाहनों पर कई आतंकवादी हमले हुए हैं। बंदूकधारियों ने राजमार्गों पर आवाजाही पर रोक लगाई और यात्रियों की पहचान करने के बाद उन्हें मार डाला।

बलूचिस्तान जातीय बलूच चरमपंथियों की तरफ से प्रांत में करीब दो दशकों से, हिंसा , गोलीबारी आम बात हो गई है। बलूच पंजाबियों के वर्चस्व वाले सशस्त्र बलों पर अटैक करते हैं। विद्रोहियों का आरोप है कि सेना संघीय सरकार को प्रांत में खनिजों का दोहन करने में सहयोग कर रही थी। सेना अधिकारियों की ओर से विद्रोहियों के इन आरोपों का खंडन किया गया। बलूच विद्रोही पाकिस्तान संघ से अलग स्वतंत्र राज्य की मांग भी कर रही है।

खबरों से मिली जानकारी के मुताबिक, झोब, ग्वादर, नुश्की और मुसाखाइल समेत कई जिलों के जिला कमिश्नरों ने चर्चा करके शुक्रवार को शाम 6 बजे से सुबह 6 बजे तक प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों पर यात्रा पर प्रतिबंध लगाने के लिए एक अधिसूचना जारी की। लगाया यह प्रतिबंध क्वेटा-ताफ्तान रोड, लोरलाई-डेरा गाजी खान रोड, सिबी रोड, कोस्टल हाईवे और झोब-डेरा इस्माइल खान रोड समेत कई सड़क मार्गों को कवर करता है।

बलूच राजी आजोई संगर (BRAS) ने बलूचिस्तान में एक साथ 72 कॉर्डिनेटेड हमलों की जिम्मेदारी ली है। इसमें पाकिस्तान सेना के कई सैनिकों की मौत हो गई। बलूचों की आजादी की लड़ाई की इस घटना ने पाकिस्तान को घुटने पर ला दिया था। ब्रास का कहना है कि इसी दिन साल 1948 में पाकिस्तान ने बलूचिस्तान पर जबरदस्ती कब्जा कर अपने में शामिल कर लिया था।

बलूचों का कहना है कि पाकिस्तानी सरकार आतंकी घटनाओं को अंजाम दे रही है। दूसरी तरफ बलूच विद्रोही पंजाब के लोगों की हत्याओं में जुटी है। इसी महीने बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) ने जाफर एक्सप्रेस को हाईजैक किया था। बीएलएन ने कम से कम 200 से ज्यादा पाकिस्तानी सेना के जवानों को मारने का दावा किया था।

Created On :   30 March 2025 5:43 PM IST

Tags

और पढ़ेंकम पढ़ें
Next Story