अमरावती जिले के 114 गांवों के बदले नाम

डिजिटल डेस्क, अमरावती। संभाग ने सामाजिक एकता को नई पहचान देने का सराहनीय काम किया है। इसके तहत जातिगत आधारित गांवों, सड़कों के नाम को बदला गया है। सामाजिक न्याय विभाग द्वारा अमरावती विभाग के सभी पांच जिलों में 911 आदिवासी गांवों, बस्तियों और सड़कों के नाम बदल दिए गए हैं। यह निर्णय इस तथ्य के मद्देनजर लिया गया है कि राज्य के कई शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में गांवों, बस्तियों और सड़कों के जातीय नाम महाराष्ट्र जैसे प्रगतिशील राज्य के लिए प्रासंगिक नहीं हैं और राज्य में सामाजिक सद्भावना के लिए यह पहल की गई। सभी गांवों, बस्तियों और सड़कों के नाम जाति के नाम के बजाय महापुरुषों और लोकतांत्रिक मूल्यों के नाम पर रखने की प्रक्रिया तय की गई है। तदनुसार अन्य संबंधित विभागों के समन्वय से जाति के नाम बदलने की प्रक्रिया शुरू की गई थी।
चल रही नाम बदलने की प्रक्रिया
अमरावती संभाग में जातीय रूप से चिन्हित 1 हजार 86 गांवों, बस्तियों और सड़कों के नाम बदलने की प्रक्रिया चल रही है। सामाजिक न्याय विभाग के सरकार के निर्णय के अनुसार विभाग में 911 गांवों, बस्तियों और सड़कों के नाम बदल दिए गए हैं। अमरावती जिले के 114 गांवों, बस्तियों और सड़कों के नाम बदले गए हैं। जबकि अकोला जिले के 201, यवतमाल जिले के 124, बुलढाणा जिले के 244 और वाशिम जिले के 228 गांवों के नाम बदलने का फैसला लिया गया है। यह जानकारी सामाजिक न्याय विभाग के उपायुक्त सुनील वारे ने दी।
Created On :   15 Feb 2023 4:11 PM IST