बैठक पर बैठक: इलेक्शन कमीशन का राजनीतिक दलों के साथ सबसे बड़ा जुड़ाव अभियान

- ईसी ने कुल 4719 बैठकें आयोजित की
- राजनीतिक दलों के 28 हजार से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए
- मुख्य कार्यकारी अधिकारियों से ईसी ने मांगी कार्रवाई रिपोर्ट
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय निर्वाचन आयोग ने जुड़ाव अभियान के तहत पूरे देश में निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी (ईआरओ), जिला निर्वाचन अधिकारी (डीईओ) और मुख्य निर्वाचन अधिकारी‘ (सीईओ) के स्तर पर राजनीतिक दलों के साथ हजारों बैठक की। निर्वाचन आयोग ने एक विज्ञप्ति के जरिए इसकी जानकारी दी। ईसी ने कुल 4719 बैठकें आयोजित कीं जिसमें राजनीतिक दलों के 28 हजार से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुई। आपको बता दें आगे आकलन करने के लिए सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों से कार्रवाई रिपोर्ट मांगी गई है।
राजनीतिक दलों द्वारा इन कार्यक्रमों को बहुत सराहना मिली। इसके अलावा विधानसभा क्षेत्रों, जिलों और राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में सक्रिय तथा उत्साहपूर्ण भागीदारी देखी गयी है। राष्ट्रव्यापी बैठकों की तस्वीरें ईसी के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर भी देखी जा सकती हैं।
ईसी की विज्ञप्ति के मुताबिक 25 दिनों में और 31 मार्च 2025 तक, कुल 4,719 बैठकें संपन्न हुई। जिनमें सीईओ द्वारा 40 बैठकें, डीईओ द्वारा 800 बैठकें और ईआरओ द्वारा 3,879 बैठकें शामिल हैं।
आपको बता दें इन हजारों बैठकों का आयोजन मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार, चुनाव आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी द्वारा 4 -5 मार्च, 2025 को आईआईआईडीईएम, नई दिल्ली में आयोजित मुख्य निर्वाचन अधिकारियों के सम्मेलन में जारी निर्देशों के आधार पर किया गया।
इन बैठकों का उद्देश्य संबंधित सक्षम प्राधिकारी अर्थात ईआरओ या डीईओ या सीईओ द्वारा जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 और 1951; निर्वाचक पंजीकरण रूल, 1960; निर्वाचन संचालन रूल, 1961 तथा समय-समय पर ईसीआई द्वारा जारी किए गए मैनुअल, दिशा-निर्देशों और अनुदेशों के मौजूदा कानूनी संरचना के अंतर्गत किसी भी लंबित मुद्दे का निपटारा करना है। अगर किसी मुद्दे का समाधान मौजूदा कानूनी के हिसाब से नहीं होता है तो ईसी द्वारा उस पर विचार किया जाएगा।
Created On :   1 April 2025 6:27 PM IST