राजशाही की मांग: नेपाल में भड़की हिंसा को लेकर पूर्व नरेश ज्ञानेंद्र शाह की गिरफ्तारी की मांग तेज

- राजशाही समर्थक प्रदर्शनों के दौरान भड़की हिंसा
- के.पी. शर्मा ओली सरकार पर अत्यधिक बल प्रयोग का लगा आरोप
- “सरकार मुझे कभी भी गिरफ्तार कर सकती है-कमल थापा
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। नेपाल के सत्तारूढ़ गठबंधन ने शुक्रवार को राजशाही समर्थक प्रदर्शनों के दौरान भड़की हिंसा को लेकर रविवार को पूर्व नरेश ज्ञानेंद्र शाह की गिरफ्तारी की मांग की। नेपाल की कम्युनिस्ट पार्टी-एकीकृत मार्क्सवादी लेनिनवादी और नेपाली कांग्रेस के सदस्यों की प्रतिनिधि सभा में की गई मांग का राजशाही समर्थक राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी के सांसदों ने विरोध किया, जिसके कारण सदन की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी।
राजशाही समर्थक सदस्यों ने के.पी. शर्मा ओली के नेतृत्व वाली सरकार पर “अत्यधिक बल प्रयोग” का आरोप लगाया। राष्ट्रीय जनता पार्टी-नेपाल के प्रमुख और पूर्व उप प्रधानमंत्री कमल थापा ने कहा: “सरकार मुझे कभी भी गिरफ्तार कर सकती है, क्योंकि मैं राजशाहीवादी हूं।
इंडियन एक्सप्रेस ने अपनी न्यूज में सरकार के सूत्र के हवाले से लिखा है कि सीपीएन-यूएमएल के दबाव में मौजूदा नेपाल सरकार , पूर्व नरेश के खिलाफ कार्रवाई करने पर विचार कर रही है, जिसमें उनकी गिरफ्तारी या घर में नजरबंदी भी शामिल है। सरकार ने रविवार को पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह के लिए तैनात सुरक्षा दल में भी कटौती की है। पूर्व राजा के निजी आवास निर्मल निवास पर सुरक्षाकर्मियों की संख्या 25 से घटाकर 16 कर दी गई है।
Created On :   31 March 2025 10:34 AM IST