इजराइल -हमास जंग: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल में हूती विद्रोहियों के ठिकानों पर हमले जारी

- ईरान पर दबाव बनाने का प्रयास
- नौवहन की स्वतंत्रता बहाल होने तक जारी रहेंगे हमले: लेविट
- मंसूरिया जिले में जल परियोजना को बनाया निशाना
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। इजराइल -हमास जंग से पैदा हुई स्थिति के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल में हूती विद्रोहियों के ठिकानों पर लगातार हवाई हमले हो रहे हैं। यूएस हमलों से हूतियों को निशाना बनाया जा रहा है। हूतियों ने हाल ही में दावा किया है कि हाल ही में हुए हमलों में 65 लोगों की मौत हो गई। ट्रंप प्रशासन ईरान के बढ़ते परमाणु कार्यक्रम को लेकर दबाव बनाने का प्रयास कर रहा है। इसलिए ट्रंप प्रशासन ईरान समर्थित हूतियों पर लगातार हवाई हमले हो रहे हैं।
खबरों से मिली जानकारी के अनुसार हाल ही में होदेदा गवर्नरेट के मंसूरिया जिले में हूती नियंत्रित जल परियोजना को निशाना बनाया गया। जिसमें चार लोगों की मौत हुई। जबकि अन्य घायल हो गए। हूती विद्रोहियों पर हुए हमलों में हज्जाज, सादा और सना गवर्नरेट को निशाना बनाया गया। इसके उलट हूतियों का कहना है कि लाल सागर में अमेरिकी विमानवाहक पोत- यूएसएस हैरी एस ट्रूमैन को निशाना बनाया गया, जो हूतियों पर अधिकांश हमले कर रहा है।
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि अब तक 200 से अधिक हवाई हमले किए हैं। हमलों से ईरान कमजोर हुआ है। लेविट ने कहा है कि लाल सागर में व्यापारिक जहाजों पर हमले करने वाले हूती विद्रोहियों को मार गिराया है। लेविट ने कहा हमले तब तक जारी रहेगे जब तक रेड सी में नौवहन की स्वतंत्रता बहाली न हो जाए। हालांकि हूतियों ने अभी तक किसी भी नेता के मारे जाने की खबर को नकारा है।
Created On :   2 April 2025 7:07 PM IST