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Monday, 20 February, 2017
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धुंध में निकला दिल्ली का दम, यमुना एक्सप्रेस पर भिड़ी 20 गाड़ियां

By bhaskarhindi.com | Publish Date: Nov 3 2016 1:37PM | Updated Date: Nov 3 2016 1:37PM

नई दिल्ली : दिल्ली में दीवाली की रात के बाद से ही प्रदूषण का स्तर बेहद खराब होता जा रहा है। स्थिति यह है कि प्रदूषण फैलाने के प्रमुख कारक पीएम 2.5 और पीएम 10 कणों का स्तर नार्मल से पांच गुना तक ज्यादा हो गया है। बुधवार को दिल्ली एयरपोर्ट पर पीएम 2.5 का स्तर 500 एमजीसीएम से ज्यादा तक दर्ज हुआ जो कि नार्मल से 8 गुना तक ज्यादा है। वैज्ञानिक दिल्ली की इस स्मॉग का कारण आतिशबाजी के साथ ही पंजाब में फसलों के जलाए जाने को भी मान रहे हैं।

 

बुधवार को बेहद कम विजिबिलिटी होने के कारण यमुना एक्सप्रेस वे पर 20 गाड़ियां आपस में टकरा गई जिसमें कई लोगों के घायल होने की खबर है। यह हादसा एक्सप्रेस वे पर मथुरा के पास हुआ है। पिछले कई सालों से नवंबर के महीने में इतनी कम विजिबिलिटी कभी नहीं देखने को मिली है। दिल्ली में बुधवार की शाम 4 बजे तक एयर क्वॉलिटी इंडेक्स 432 तक पहुंच गया था जो कि बेहद खतरनाक माना जाता है।

 

इस संबंध में एक वैज्ञानिक ने बताया पंजाब में बड़े पैमाने पर फसलों को जलाया जा रहा है। नासा की तस्वीरों से भी पता चलता है कि इस पूरे इलाके में कितना धुआं फैल गया है।' सेंटर फॉर साइंस एंड एन्वारयनमेंट की अनुमिता रॉय चौधरी का कहना है कई हफ्तों से फसलों को जलाने का काम चल रहा है साथ ही दिवाली में हुई आतिशबाजी का असर अब तक हवाओं में मौजूद है। इस समस्या को देखते हुए सरकार को अब इमर्जेंसी लगा देनी चाहिए।

 

गौरतलब है कि चीन के पेइचिंग में अगर तीन दिन तक लगातार प्रदूषण का स्तर इसी तरह से खतरनाक बना रहता है तो रेड अलर्ट घोषित कर दिया जाता है। स्कूलों को फौरन बंद कर दिया जाता है और पॉवर प्लांटों को उत्सर्जन रोकने को कहा जाता है साथ ही ऑड-ईवन जैसी योजनाएं तुरंत लागू कर दी जाती हैं।

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